VT Update
केजरीवाल ने दिया शिवराज को प्रस्ताव शिक्षा में सुधार करना हो तो मनीष को भेज दूँ मध्यप्रदेश सीएम फेस की अटकलों पर शिवराज ने लगाया विराम, कहा कि मेरे ही नेतृत्व में बनेगी भाजपा की अगली सरकार वार्ड क्र 16 में मुख्यमार्ग से परेशान रहवासी, मार्ग का नहीं हो रहा निर्माण, 4 बार किया जा चुका है भूमिपूजन दिल्ली मैट्रो को सितम्बर से बिजली सप्लाई करेगा, बदबार का अल्ट्रामेगा सोलर पावर प्लांट गोविंदगढ़ थाना क्षेत्र के धोबखरी गांव में भाई की जान बचाने नहर में कूदी बहन, हुई मौत
म.प्र. के 17 लाख किसानों का होगा कर्ज माफ़

शिवराज सरकार का बड़ा फैसला, म.प्र. सरकार करेगी किसानो का कर्ज माफ़


मध्यप्रदेश की शिवराज सिंह चौहान चुनाव नज़दीक आते ही सभी वर्गों को खुश करने में लग गए हैं, यही कारण है की चुनावी साल में शिवराज सरकार ने किसानों के लिए अपना खजाना खोल दिया है। 13 साल में दूसरी बार किसानों के सिर पर चढ़े कर्ज के बोझ को कम करने के लिए समाधान योजना लागू की गई। इस कर्जमाफी से प्रदेश भर के 17 लाख किसानों को इसका फायदा मिलेगा. हलाकि इससे सरकार और सहकारी समितियों के ऊपर करीब तीन हजार करोड़ रुपए का आर्थिक भार आएगा।

दरअसल मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राजधानी के जम्बूरी मैदान पर आयोजित किसान महासम्मेलन में ब्याज माफी की घोषणा कर दी। विभाग के प्रमुख सचिव केसी गुप्ता का कहना है कि योजना के लिए किसान लगातार सहमति पत्र भरकर दे रहे हैं। 15 जून तक आधी किस्त जमा करने पर किसानों को फिर से ब्याज मुक्त कर्ज मिलना शुरू हो जाएगा।

आपको बता दें की 38 जिला सहकारी केंद्रीय बैंकों से जुड़ी सवा चार हजार से ज्यादा प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियां किसानों को अल्पावधि कृषि ऋण देती हैं। इन्हें शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर कर्ज मिलता है। इसके बावजूद 17 लाख 78 हजार किसान ऐसे हैं, जिन्होंने अपना कर्ज नहीं चुकाया और वे डिफाल्टर (दागी) हो गए। इसकी वजह से इन्हें न तो सहकारी समितियों से कर्ज में खाद-बीज मिल रहा है और न ही नकदी।

सरकार ने किसानों की आय 2022 तक दोगुनी करने का रोडमैप तैयार किया है। इसके लिए जरूरी है कि खेती की लागत को कम किया जाए। इसके मद्देनजर सरकार ने शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर किसानों को कर्ज देने की योजना जारी रखने का फैसला किया है। इसके तहत सरकार हर साल करीब एक हजार करोड़ रुपए की सबसिडी सहकारी बैंकों को देती है। इसके बाद भी इस योजना के दायरे में आने से किसानों की बड़ी संख्या वंचित रह रही थी।


कुलपति बनने के जुगाड़ समाप्त, शैक्षणिक अनुभव वाले की बन सकेंगे कुलपति !

बीजेपी ने की लोकसभा की तैयारी, प्रदेश के 14 सांसदों के कट सकते हैं टिकट


 VT PADTAL