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60 लाख फर्जी वोटर्स की शिकायत ख़ारिज

कांग्रेस की फर्जी वोटर्स की शिकायत को चुनाव आयोग ने की खारिज !


चुनाव आयोग से कांग्रेस को चुनावी साल में तगड़ा झटका लगा है, दरअसल कांग्रेस ने चुनाव आयोग से शिकायत दर्ज कराई थी की मध्यप्रदेश में 60 लाख फर्जी वोटर्स का नाम वोटर लिस्ट में दर्ज है. मगर जांच करने के बाद मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सलीना सिंह ने कांग्रेस की शिकायत खारिज करते हुए कहा की कांग्रेस के आरोप गलत है, प्रदेश में मतदाताओं की संख्या में वृद्धि सामान्य है, जबकि एक ही फोटो बार बार रिपीट होने के मामले में चुनाव आयोग ने कहा की ऐसी गलतियों को सुधरा जा रहा है

कांग्रेस के आरोप खारिज होने की खबर लगते ही भाजपा नेताओं में जमकार कांग्रेस पर निशाना साधा, प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह ने भी ट्वीट करके कांग्रेस पर हमला बोला उन्होंने कांग्रेस से इस पूरे मामले में माफ़ी मांगने की बात की है। सिंह ने ट्वीट कर जवाबी हमला किया है।उन्होंने लिखा है कि फर्जी वोटर मामले में कांग्रेस की तुच्छ राजनीति उजागर चुनाव आयोग और प्रदेश की जनता से माफी मांगे । मुद्दाविहीन कांग्रेस के द्वारा गैर-जिम्मेदाराना शिकायत आखिर प्रमाण के अभाव में म.प्र. चुनाव आयोग ने खारिज किया ।

दरअसल चुनाव आयोग का कहना है  कि प्रदेश की आबादी और मतदाताओं की संख्या को लेकर जो आरोप लगाए थे, वे निराधार हैं। आबादी बढ़ना सामान्य है, इसमें कुछ भी असामान्य नहीं है। 2008 में आबादी और मतदाता का अनुपात 52.76 प्रतिशत था जो 2018 में बढ़कर 61.45 प्रतिशत हो गया। मौजूदा मतदाता सूची में कोई विवादित चीज नहीं है।

बीते रविवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ, ज्योतिरादित्य सिंधिया, दिग्विजय सिंह, सुरेश पचौरी, विवेक तनखा, दीपक बाबरिया सहित अन्य नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ओपी रावत से दिल्ली में मुलाकात कर दस्तावेजी प्रमाण सहित आरोप लगाए थे। इसके साथ ही भोपाल की नरेला, होशंगाबाद, सिवनी-मालवा और भोजपुर विधानसभा की मतदाता सूची का डाटा भी दिया था। जांच-पड़ताल के बाद चुनाव आयोग ने शिकायत के तथ्यों को पुरानी मतदाता सूची के आधार पर होना बताया है।

 


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