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Monday 2nd of October 2017 | आगजनी, पथराव,फायरिंग

आगजनी, पथराव,फायरिंग: जुलूस के रुट को लेकर बदलाव फिर बवाल ।


लखनऊ। मुहर्रम के मौके पर जुलूस निकलना था सब अपना काम कर रहे थे। लेकिन जुलूस ले जाने के रुट में बदलाव को लेकर बवाल हो गया। बवाल भी इतना कि उपद्रवियो ने दर्जनो भर गाड़ियों को आग के हवाले कर दिया, इतनी ही नहीं पुलिस बैन को भी भून डाला और एक आरक्षक की बाइक को भी आग में डाल दिया चारो तरफ इतनी आग हो गई कि कानपुर जूही का परमपुरवा इलाका जल उठा। हालात जब इतने ज्यादा खराब हो गए तो, जमकर फायरिंग, पथराव, आगजनी हुई और पेट्रोल बम चले। उपद्रवियों ने पुलिस चौकी में तोड़फोड़ की। इसमें तीन पुलिसकर्मियों समेत कई लोग घायल हो गए। कानपुर में मुहर्रम का जुलूस निकालने के दौरान रूट बदलने और रास्ता रोकने पर जूही का परमपुरवा इलाका जल उठा तो रावतपुर गांव में जमकर लाठी डंडे और पत्थर चले। जूही में उपद्रवियों ने चौकी में जमकर तोड़फोड़ की। थाने की जीप में तोड़फोड़ की तो एक वैन में आग लगा दी। एक पुलिसकर्मी की बाइक समेत कई वाहनों को फूंक डाला तो एक टेंट दुकान को भी आग के हवाले कर दिया। वहीं रावतपुर में सुबह के हंगामे के बाद दोनों पक्षों में जमकर देशी बम और गोलियां चलीं।उपद्रवियों को काबू करने के लिए पुलिस ने जूही में चिली बम, आंसू गैस, रबर बुलेट चलाए। एडीजी अविनाश चंद्र ने बताया कि जुलूस निकालने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद होना सामने आया है।

बैरहाल घटना ने ये साफ कर दिया है कि अभी भी बहुत कुछ और बदलना बांकी है। इस घटना ने उस पुराने शक और सवाल को फिर से एक बार हवा दे दी है कि आखिर कौन हैं वो लोग जो मुहर्रम के ताजिये और दुर्गा पूजा के विसर्जन का इंतजार करते है, कि वो दंगा फैला सके ? अखिर दंगा फैलाने के बाद ये दंगाई किस मोहल्ले में रहने चलेजाते है ?। शायद इसका जबाव हम सब को पता है। और वो दंगाई और दंगा करवाने वाले दंगे के बाद दंगे की खबर को टीवी, फोन या अगले दिन के पेपर में चुपचाप जरुर पढ़ते होंगे। 
 


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