छत्तीसगढ़: बीएसएफ कैम्प के 28 जवान हुए फूड पॉइजनिंग के शिकार

छत्तीसगढ़: बीएसएफ कैम्प के 28 जवान हुए फूड पॉइजनिंग के शिकार

माओवादियों से लोहा लेने के लिए बीएसएफ कैम्प संगम में तैनात 28 जवान फूड पॉइजनिंग के शिकार हो गए. इन जवानों को इलाज के लिए शनिवार को देर रात पखांजूर सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां सभी जवानों की स्थिति सामान्य बताई जा रही है. शनिवार को देर रात भोजन के बाद बीएसएफ कैम्प संगम के जवानों को उल्टी आनी शुरू हो गई. एक-दो जवानों को उल्टी शुरू हुई तो उन्हें कैम्प में दवा दिया गया. कुछ ही देर में एक-एक कर कुल 28 जवानों को उल्टी दस्त होने लगी. एक साथ सभी को उल्टी होने पर कैम्प में हड़कंप मच गया. आनन फानन में सभी जवानों को प्राथमिक उपचार के लिए सिविल अस्पताल पखांजूर लाया गया. जहां डाक्टरों ने हालत गंभीर देखते हुए सभी को रात में ही भर्ती कर लिया गया. सभी का इलाज शुरू कर दिया गया है. स्वास्थ्य विभाग की ओर से बताया जा रहा सभी की हालत ठीक है. रविवार को देर शाम तक एक भी जवान को सिविल अस्पताल पखांजूर से छुट्टी नहीं दिया गया था. शनिवार देर रात खाना खाने के बाद अचानक 28 जवानों को उल्टी चालू हो गई. संगम बीएसएफ कैम्प में प्राथमिक उपचार के बाद सिविल अस्पताल पखांजूर में सभी को भर्ती किया गया है. इलाज के बाद सभी जवानों की स्थिति सामान्य है. जांच के लिए टीम का गठन किया गया है. मयंक तिवारी, एसडीओपी पखांजूर. जवानों का इलाज चल रहा है. सभी जवानों की स्थिति सामान्य है. फूड पॉइजनिंग किस लिए हुई संबंधित अधिकारी ही इस संबंध में बता सकते हैं. डॉ. डीके सिंह, बीएमओ कोयलीबेड़ा.