नहीं खोले जाएंगे MP के स्कूल जब तक तीसरी लहर का खतरा न टल जाये

सिर्फ ट्यूशन फीस ही लेंगे स्कूल प्रबंधन

नहीं खोले जाएंगे MP के स्कूल जब तक तीसरी लहर का खतरा न टल जाये

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सूबे के स्कूलों के खोले जाने पर बने असमंजस को अब स्पष्ट कर दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि, मध्य प्रदेश से कोरोना की तीसरी लहर का खतरा टलना तक स्कूलों के खोले जाने पर फैसला नहीं लिया जा सकता। सीएम ने कहा कि, तीसरी लहर से इंकार नहीं किया जा सकता। व्यवस्थित पढ़ाई भी जरूरी है, लेकिन इसके लिये बच्चों के जीवन को दांव पर लगाना कतई उचित नहीं है। इसलिए तीसरी लहर का खतरा टलने के बाद ही स्कूलों को खोलने का फैसला लिया जाएगा। इस अवधि में स्कूल पंरबंधन सिर्फ पहले निर्धारित की गई ट्यूशन फीस ही लेंगे। इसमें कोई वृद्धि नहीं होगी। इसके अतिरिक्त कोई अन्य शुल्क नहीं वसूला जाएगा।

सामने आ रही हैं ये शिकायतें- शिवराज

सीएम शिवराज ने स्कूल संचालकों के संबंध में कहा कि, कोरोना के चलते स्कूल न खुल पाने के चलते शिक्षकों की सैलरी खासकर निजी सकूलों में फीस की दिक्कत आ रही है। इसके साथ ही बच्चों के अभिभावकाें की भी अपनी समस्याएं हैं। उन्होंने कहा कि, मुझे कई अभिभावकों ने बताया कि, स्कूल बंद होने पर पढ़ाई नहीं हो रही, लेकिन फीस बढ़ाई जा रही है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट करते हुए कहा कि, कोई भी स्कूल टयूशन फीस के अतिरिक्त किसी तरह का शुल्क नहीं वसूलेगा।

कहीं तीसरी लहर को तो न्योता नहीं दे रहे हम

सीएम शिवराज ने कहा, चिंता इस बात की है कि लोग अब बिना मास्क के ही घूम रहे हैं। जनता भूल जाती है, कोरोना की दूसरी लहर में कितने कष्ट उठाना पड़े। उन्होंने कहा कि मंत्रालय के सामने बाजार में एक साथ 600 से ज्यादा लोग देखे गए। इसमें से 70 फीसदी के चेहरे पर मास्क तक नहीं था। जरा सोचिये, कि कहीं हमारी यही लापरवाही तीसरी लहर को तो न्योता नहीं दे रही।