फिर इमरान खान धार्मिक कट्टरता को बढ़ावा दे ,अपने ही देश में विरोध का किया सामना

पाकिस्तान के विश्वविद्यालयों में एक ड्रेस कोड का हुआ ऐलान विश्वविद्यालयों के विद्यार्थियों ने किया घोर विरोध

फिर इमरान खान धार्मिक कट्टरता को बढ़ावा दे ,अपने ही देश में विरोध का किया सामना

इमरान खान के पाकिस्तान में हजारा यूनिवर्सिटी , एबटाबाद और बच्चा खां विश्वविद्यालय चारसाडा के बाद अब पेशावर यूनिवर्सिटी ने भी छात्राओं के लिए नया ड्रेस कोड लागू कर विरोध का सामना कर रहा है , यूनिवर्सिटी की ओर से ये फरमान जारी किया गया है कि कोई भी छात्रा और शिक्षिका बिना ड्रेस कोड के नहीं आ सकेंगी ।

पहले से ही धार्मिक कट्टरता को बढ़ावा देने को लेकर दुनिया में बेनकाब हो चुके पाकिस्तान में अब लड़कियों के लिए कॉलेजों में पढ़ना कठिन कर दिया है । दरअसल पाकिस्तान के तमाम विश्वविद्यालयों में एक-एक करके छात्राओं के लिए ड्रेस कोड़ लागू किए जा रहे हैं। ऐसे में स्वतंत्र रूप से लड़कियां कॉलेजों में जाकर नहीं पढ़ सकती हैं। इतना ही नही कालेजो में अब टाईट जींस पहनकर आना मना हो गया है , यानि अब पाकिस्तान की छात्राए अपने स्वत्रन्त्र रूप से पहनावा धारण कर के कांलेजो में पढने नही जा सकती है | जिससे विद्यार्थियों में काफी गुस्सा है और वो लोग इसका घोर विरोध कर रहे है | खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के विश्वविद्यालयों में विद्यार्थियों ने जबर्दस्त विरोध किया तो वहीं, पश्चिमोत्तर पाकिस्तान के दो विश्वविद्यालयों के छात्र भी इस ड्रेस कोड के खिलाफ आवाज बुलंद कर रहे हैं। नए ड्रेस कोड में लड़कियों को जींस और मेकअप कर कॉलेज न आने का काफी विरोध हो रहा है , पेशावर में लड़कियों को सफेद रंग के सलवार सूट में आना अनिवार्य किया गया है।

पाकिस्तान के हरिपुर जिले के सरकारी स्कूलों में अबाया ( काले रंग का कपडा जो सिर को पूरी तरह ढक कर के प्रयोग किया जाता है ) अनिवार्य कर  दिया गया है |  ड्रेस कोड के इस नए आदेश को विद्यार्थी विरोध कर रहे हैं । विद्यार्थियों का कहना है कि इस तरह के प्रतिबंध पाकिस्तान को एक संकीर्ण देश के रूप में पेश करते हैं । हमारे देश में विश्वविद्यालयों को एक ड्रेस कोड का पालन नहीं करना चाहिए , इसलिए हम अपनी पसंद के अनुसार कपड़े पहन सकते हैं।