राहुल का ट्वीट, कहा- गलत तरीके से नेताओं को हिरासत में लेने पर लोकतंत्र को नुकसान पहुंचता है

राहुल का ट्वीट, कहा- गलत तरीके से नेताओं को हिरासत में लेने पर लोकतंत्र को नुकसान पहुंचता है

कांग्रेस नेता ने फिर साधा केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर निशाना. करीब एक साल से हिरासत में हैं पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती.  कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और सांसद राहुल गांधी ने पीडीपी नेता महबूबा मुफ्ती को लेकर एक ट्वीट किया है. उन्होंने ट्वीट में लिखा कि लोकतंत्र को उस समय ज्यादा नुकसान पहुंचता है जब भारत सरकार गैरकानूनी तरीके से सियासी दलों के नेताओं को हिरासत में लेती है. ये बेहद सही समय है जब महबूबा मुफ्ती को छोड़ा जाए. राहुल गांधी का ये ट्वीट ऐसे समय में आया जब महबूबा मुफ्ती की हिरासत को तीन महीने के लिए बढ़ा दिया गया है. पिछले साल जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटाए जाने के बाद से ही पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती हिरासत में हैं. हालांकि, लगातार उनके परिवार की ओर से उन्हे रिहा करने की मांग की जा रही है. इसी बीच कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने एक ट्वीट किया है. इस ट्वीट में उन्होंने महबूबा मुफ्ती के रिहाई की मांग की है. राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में लिखा, 'भारत के लोकतंत्र को तब और नुकसान हुआ जब भारत सरकार गैरकानूनी रूप से राजनीतिक नेताओं को हिरासत में ले रही थी. यह सही समय है जब महबूबा मुफ्ती को रिहा किया जाए.' ये कोई पहला मौका नहीं है जब कांग्रेस नेता केंद्र सरकार पर निशाना साधा है. इससे पहले उन्होंने भारत-चीन के बीच तनाव, कोरोना संकट और अर्थव्यवस्था की स्थिति को लेकर सरकार के रवैये पर सवाल उठाए हैं. वहीं महबूबा मुफ्ती की हिरासत बढ़ाए जाने को लेकर कांग्रेस नेता और पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम ने भी शनिवार को ट्वीट किया. उन्होंने कहा कि PSA के तहत महबूबा मुफ्ती की नजरबंदी का विस्तार कानून का दुरुपयोग है और नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों पर हमला है. 61 वर्षीय पूर्व मुख्यमंत्री, चौबीस घंटे सुरक्षा गार्ड से संरक्षित व्यक्ति, सार्वजनिक सुरक्षा के लिए खतरा कैसे है? उन्होंने एक और ट्वीट में कहा कि हमें सामूहिक रूप से अपनी आवाज़ बुलंद करनी चाहिए और 'महबूबा मुफ़्ती को रिहा करें' की मांग करनी चाहिए.