रीवा इंजीनियरिंग कालेज में आयोजित हुआ नेशनल वेबिनार, शिक्षा में सुधार विषय पर हुई चर्चा

रीवा इंजीनियरिंग कालेज में आयोजित हुआ नेशनल वेबिनार, शिक्षा में सुधार विषय पर हुई चर्चा

शासकीय रीवा इंजीनियरिंग महाविद्यालय रीवा में नेशनल वेबीनार को टेक्यूप थ्री परियोजना के अंतर्गत  गो टू मीटिंग साफ़्टवेयर प्लेटफ़ार्म पर आयोजित किया गया जिसमें भारत वर्ष के विभिन्न तकनीकी शिक्षण संस्थाओं एवम् विभिन्न विश्वविद्यालयों के लगभग 150 प्राध्यापकों ने प्रतिभागिता दर्ज की| परिवर्तनशील भारत के लिए शिक्षा में कोरोनाजनित अनिवार्यताए एवम् सुधार विषय पर आयोजित वेबीनार के मुख्य वक़्ता डा हरि सिंह ग़ौर केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफ़ेसर राघवेंद्र प्रसाद तिवारी थे| प्रोफ़ेसर तिवारी ने अपने सारगर्भित उदबोधन में कहा कि वर्तमान परिवेश में भारत अपने अतीत के गुरुकुल शिक्षा प्रणाली से सीखते हुए नवाचारों को शिक्षा के क्षेत्र में उपयोग कर सकता है| ऑनलाइन एजुकेशन वर्सेस फेस टू फेस एजुकेशन एवं केयरिंग सोसाइटी का जिक्र करते हुए उन्होंने प्रधानमंत्री महोदय के आत्मनिर्भर भारत बनने की दिशा युवा शक्ति को सार्थक प्रयासों के साथ आगे आने का आह्वान किया|

इस नेशनल वेबीनार को सम्बोधित करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य डा बीके अग्रवाल ने कोरोना संकट काल में देश के शिक्षकों एवम् छात्रों से धैर्य का परिचय देते हुए ऑनलाइन शिक्षण व्यवस्था को सार्थक एवम् सफल बनाए जाने का अनुरोध किया| वेबीनार के प्रारम्भ में नेशनल वेबीनार के संयोजक प्राध्यापक डा सन्दीप पांडेय ने स्वागत उदबोधन देते हुए वेबीनार के विषय की अवधारणा एवम् संकल्पना प्रस्तुत की|  वेबीनार का संचालन  एवम् तकनीकी निर्देशन वेबीनार समन्वयक प्राध्यापक प्रो अर्चना ताम्रकार एवम प्रो नमामि कृष्ण शर्मा ने किया एवम् टेक्यूप थ्री परियोजना के कोआर्ड़ीनेटर डा आर पी तिवारी ने आभार ज्ञापित किया| इस वेबीनार के सह समन्वयक प्रो अरविंद सिंह एवम् प्रो अंकित सचदेवा रहे|

अन्त में प्रतिभागियों  ने  विषय विशेषज्ञ से वर्तमान परीक्षा पद्धति में बदलाव की आवश्यकता ,छात्रों को मानसिक स्तर पर मजबूत बनाने सम्बंधी विभिन्न सवालों के सकारात्मक जवाब भी प्राप्त किए|